Ranchi - 80 लाख में एजेंट से हुई थी JPSC परीक्षा की डील,सीआईडी जांच में बड़ा खुलासा
झारखंड : पिछले कई दिनों से रांची में JPSC पेपर लीक के विरोध में प्रदर्शन चल रहा है अब सीआईडी ने इस मामले में बड़ा खुलासा किया है,गिरफ्तार अभ्यर्थी ने पेपर लीक के सौदे को लेकर चौकाने वाले बयान दिए हैं।
गिरफ्तार जेपीएससी अभ्यर्थी सुमन सौरभ ने सीआईडी को बताया कि उसने 14वीं जेपीएससी परीक्षा में चयन के लिए एजेंट पवन को 16 लाख रुपये दिए थे। यह राशि 80 लाख रुपये के सौदे का हिस्सा थी, जिसके तहत पीटी में ओएमआर शीट खाली छोड़ने के बावजूद उसे पास कराया गया।जेपीएससी मेधा घोटाला मामले की जांच कर रही सीआईडी ने गिरफ्तार अभ्यर्थी हजारीबाग के बड़कागांव निवासी सुमन सौरभ का भी बयान दर्ज किया है।
पढ़ें यह खबर : हादसों वाला अगस्त - विकासनगर त्यूणी मार्ग पर खाई में गिरा पिकअप, 1 की मौत एक गंभीर घायल
उसने सीआईडी को बताया है कि उसे 14वीं जेपीएससी परीक्षा को अंतिम रूप से चयन कराने के एवज में उससे 80 लाख में पवन नामक एजेंट ने सौदा किया था। इसमें 20 लाख रुपये पीटी के पहले, 40 लाख रुपये मुख्य परीक्षा के पहले व 20 लाख रुपये साक्षात्कार के पहले देना था।
पीटी परीक्षा पास करने पर उसका विश्वास जम गया था। उसने पीटी परीक्षा पास कराने के एवज में तय राशि में केवल 16 लाख रुपये ही दिया था, जो कुल पांच किश्तों में दिया था। रिश्वत की राशि बैंक में दी थी। अब सीआईडी उसका व आरोपित पवन के बैंक खाते का ब्यौरा खंगाल रही है। रुपये कैसे-कैसे व कहां-कहां ट्रेवेल किए, यह जानकारी जुटाई जा रही है।
पढ़ें यह खबर : Independence Day 2026 : पीएम मोदी ने 13वीं बार लहराया लाल किले पर तिरंगा, जानिए सम्बोधन की प्रमुख बातें
एजेंट ने कैसे रचा पूरा खेल :
पवन ने ही उसे बताया कि 14वीं जेपीएससी की वैकेंसी निकली है, वह पास करवा देगा, लेकिन इसके एवज में कुल 80 लाख रुपये लगेंगे।किश्त भी बंट गई कि 20 लाख रुपये पीटी पास कराने पर, 40 लाख रुपये मेंस व 20 लाख रुपये साक्षात्कार पास कराने पर देने होंगे।
पैसा किश्तों में देना था तो सुमन सौरभ तैयार हो गया।पवन ने कहा था कि जिस प्रश्न का उत्तर आता हो उसे ही भरना है, बाकी छोड़ देना है। 19 अप्रैल 2026 को बोकारो के सरस्वती शिशु विद्या मंदिर स्थित परीक्षा केंद्र पर सुमन सौरभ की परीक्षा हुई।
पढ़ें यह खबर : स्वतंत्रता दिवस पर सीएम धामी ने खाकी और स्वतंत्रता सेनानियों के परिजनों का किया सम्मान, की 7 बड़ी घोषणाएं
पहली पाली में उसने केवल 38 प्रश्न का उत्तर बनाया और शेष ओएमआर शीट खाली छोड़ दिया। वहीं दूसरी पाली में केवल 48 प्रश्न का उत्तर बनाकर ओएमआर शीट खाली छोड़ दिया। अपना क्रमांक व कार्बन कापी पवन सिंह को दे दी।परीक्षा परिणाम आने के बाद उसका ओएमआर शीट इंटरनेट मीडिया पर वायरल हो गया था। इसके बाद सीआइडी जांच शुरू हो गई और वह पकड़ा गया।
सफल अभ्यर्थी बोले मेहनत से पास की परीक्षा :
13वीं जेपीएससी प्रतियोगिता परीक्षा में चयनित दो ऐसे अभ्यर्थी भी सामने आए हैं, जो यह बता रहे हैं कि वे रिश्वत व किसी सिफारिश से नहीं, बल्कि अपनी प्रतिभा की बदौलत चयनित हुए हैं। वे पुलिस के सामने इसका सबूत भी देंगे। इन प्रतिभागियों में एक डीएसपी के पद पर चयनित है।



















