हमीरपुर में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से सगे भाई-बहन समेत तीन मासूम बच्चों की मौत
हमीरपुर में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से सगे भाई-बहन समेत तीन मासूम बच्चों की मौत
नहाने के दौरान गहरे पानी में जाने से हुआ हादसा
उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। बिवांर थाना क्षेत्र के छानी खुर्द गांव में गुरुवार को तालाब में नहाते समय सगे भाई-बहन समेत तीन मासूम बच्चों की डूबने से मौत हो गई। इस हादसे ने पूरे गांव को शोक में डुबो दिया है। एक ही परिवार के तीन बच्चों की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि गांव में मातम का माहौल बना हुआ है।बताया जा रहा है कि बच्चे अपनी मां के साथ तालाब पर गए थे, जहां नहाने के दौरान वे गहरे पानी में चले गए और हादसे का शिकार हो गए।
कपड़े धो रही थी मां, बच्चे उतर गए तालाब में
जानकारी के अनुसार छानी खुर्द गांव निवासी पार्वती पत्नी रमेश धोबी गुरुवार को अपने तीन बच्चों शिवेंद्र (10 वर्ष), रुद्रांश (8 वर्ष) और मांडवी (5 वर्ष) को साथ लेकर गांव के बाहर स्थित तालाब पर कपड़े धोने गई थीं।जब पार्वती तालाब किनारे कपड़े धोने में व्यस्त थीं, उसी दौरान तीनों बच्चे नहाने के लिए पानी में उतर गए। शुरुआत में सब कुछ सामान्य दिखाई दे रहा था, लेकिन कुछ ही देर बाद बच्चे धीरे-धीरे गहरे पानी की ओर पहुंच गए।अनुभव की कमी और गहराई का अंदाजा न होने के कारण तीनों बच्चे डूबने लगे। आसपास मौजूद लोगों को जब तक स्थिति का पता चलता, तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
बच्चों के नजर न आने पर मचा हड़कंप
कुछ समय बाद जब बच्चों की आवाज सुनाई नहीं दी और वे दिखाई भी नहीं दिए, तो आसपास मौजूद लोगों को शक हुआ। इसके बाद ग्रामीणों ने तत्काल तालाब में खोजबीन शुरू की।ग्रामीणों की मदद से काफी प्रयास के बाद तीनों बच्चों को तालाब से बाहर निकाला गया। बच्चों को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र छानी बुजुर्ग ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद तीनों को मृत घोषित कर दिया।अस्पताल में डॉक्टरों की घोषणा सुनते ही परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। परिवार के लोग बदहवास हो गए और अस्पताल परिसर में चीख-पुकार मच गई।
एक ही परिवार के तीन बच्चों की मौत से गांव में मातम
हादसे की खबर गांव पहुंचते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। जिस घर में सुबह तक बच्चों की किलकारियां गूंज रही थीं, वहां कुछ ही घंटों बाद मातम छा गया।ग्रामीणों का कहना है कि परिवार बेहद साधारण है और बच्चों की असमय मौत ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। गांव के लोग बड़ी संख्या में पीड़ित परिवार के घर पहुंचे और उन्हें सांत्वना देने का प्रयास किया।परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। माता-पिता अपने बच्चों को खोने के दर्द से टूट चुके हैं।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शवों को कब्जे में लिया और आगे की कार्रवाई शुरू की।मौदहा क्षेत्राधिकारी Rajkumar Pandey ने बताया कि मां के साथ तालाब पर गए दो पुत्र और एक पुत्री नहाने के दौरान पानी में डूब गए थे। ग्रामीणों ने उन्हें बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया।उन्होंने बताया कि पुलिस घटना से संबंधित सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
एक पल में उजड़ गई मां पार्वती की दुनिया
इस हादसे ने एक मां की पूरी दुनिया उजाड़ दी। गुरुवार सुबह तक पार्वती अपने तीनों बच्चों के साथ सामान्य जीवन जी रही थीं, लेकिन कुछ ही घंटों में उन्होंने अपने दोनों बेटे और एक बेटी को हमेशा के लिए खो दिया।ग्रामीणों के अनुसार पार्वती बार-बार अपने बच्चों को याद कर बेसुध हो जा रही हैं। परिवार के अन्य सदस्य भी गहरे सदमे में हैं।गांव के बुजुर्गों का कहना है कि उन्होंने वर्षों में ऐसा दर्दनाक हादसा नहीं देखा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जताया शोक
घटना की जानकारी मिलने के बाद उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने गहरा शोक व्यक्त किया है।मुख्यमंत्री ने मृत बच्चों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि प्रभावित परिवार को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाए।उन्होंने स्थानीय प्रशासन को राहत और सहायता संबंधी सभी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश भी दिए हैं।
तालाबों और जलाशयों के आसपास बरतनी होगी अतिरिक्त सावधानी
यह हादसा एक बार फिर बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। ग्रामीण क्षेत्रों में तालाब, नहर और जलाशयों के आसपास बच्चों की निगरानी बेहद जरूरी है।विशेषज्ञों का कहना है कि छोटे बच्चों को अकेले या बिना निगरानी के पानी के पास नहीं जाने देना चाहिए। थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
हमीरपुर के छानी खुर्द गांव में हुआ यह दर्दनाक हादसा न केवल एक परिवार बल्कि पूरे गांव के लिए ऐसा जख्म बन गया है, जिसे भरने में लंबा समय लगेगा। तीन मासूम जिंदगियों के असमय चले जाने से हर आंख नम है और पूरा क्षेत्र शोक में डूबा हुआ है।
Watch Video
Watch the full video for more details on this story.













